मुस्कुराकर स्वीकारों दो हज़ार अठ्ठरा
मुस्कुराकर स्वीकारों दो हज़ार अठ्ठरा दोस्तों ज़िंदगी ना मिलेगी दोबारा .......... जो करना है उसे आज ही कर लो मंज़िलों को ज़रूर मिलेगा किनारा दोस्तों ज़िंदगी ना मिलेगी दोबारा ....... यक़ीन करो खुद पर दिल से करो अपने प्रभु का जयकारा दोस्तों ज़िंदगी ना मिलेगी दोबारा .... नव वर्ष 2018 की हार्दिक शुभ-कामनाएँ sonalinirmit.com