मुझसे आज तुम फिर यूं ही मिलने आ गए ?? या कहो बात क्या है फिर कैसे टकरा गए?? कुछ छूट गया? तो भूल जाओ उसे मैं लौटा नहीं पाऊंगी मोहब्बत की जुदाई से भीगी यादें मैं सिमटा नहीं पाऊंगी.. तुम जाओ कोशिश करना खुद से मुझे जुदा करने की मैं भी दुआ करूंगी तुम्हारी ज़िद कबूल होने की..